UTTARAKHAND NEWS

बिग ब्रेकिंग:- माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विजय मोहन तिवारी ने किया लेखक गांव का भ्रमण

उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत में एक नया अध्याय है लेखक गांव: प्रो. विजय मोहन तिवारी

(माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विजय मोहन तिवारी ने किया लेखक गांव का भ्रमण)

 

लेखक गांव, देहरादून। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विजय मोहन तिवारी तथा प्रख्यात ललित निबंधकार एवं लोक साहित्य विशेषज्ञ प्रो. डॉ. श्रीराम परिहार ने लेखक गांव का भ्रमण किया। इस अवसर पर लेखक गांव की निदेशक विदुषी ‘निशंक’ ने अतिथियों का स्वागत करते हुए उन्हें लेखक गांव की अवधारणा, विभिन्न अवस्थापनाओं तथा इसके सांस्कृतिक एवं साहित्यिक उद्देश्यों से विस्तारपूर्वक अवगत कराया।
भ्रमण के दौरान प्रो. तिवारी ने सर्वप्रथम लेखक गांव स्थित पौराणिक भगवान नरसिंह नागराजा मंदिर में दर्शन किए। इसके पश्चात उन्होंने नालंदा पुस्तकालय, शोध एवं अनुसंधान केंद्र का अवलोकन किया और कहा कि यह केंद्र लेखक गांव की आत्मा है। उन्होंने पुस्तकालय में उपलब्ध साहित्य, संस्कृति, कला, विज्ञान तथा भारतीय ज्ञान परंपरा से संबंधित समृद्ध संग्रह की सराहना की। तत्पश्चात अटल प्रेक्षागृह में लेखक गांव पर आधारित सूक्ष्म डॉक्युमेंट्री के माध्यम से वे इसकी दृष्टि, उद्देश्य एवं भावी योजनाओं से परिचित हुए। इसके बाद उन्होंने संजीवनी वाटिका, नक्षत्र वाटिका तथा नवग्रह वाटिका का भी अवलोकन किया।

 

इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त करते हुए प्रो. विजय मोहन तिवारी ने कहा, “लेखक गांव के बारे में मैंने बहुत सुना था, लेकिन वास्तव में यह निशंक जी का रचना संसार मेरी कल्पना से भी परे है। डॉ. निशंक ने उत्तराखंड की सांस्कृतिक एवं साहित्यिक विरासत में एक अद्भुत अध्याय जोड़ा है। ऐसी कल्पना और उसका मूर्त रूप केवल एक सृजनशील एवं रचनात्मक व्यक्ति ही दे सकता है। राजनीति क्षणभंगुर होती है, लेकिन रचनात्मकता शाश्वत होती है और लेखक गांव इसी सत्य का जीवंत प्रमाण है। यहां का वातावरण, इसकी अवधारणा और ज्ञान-संस्कृति के संरक्षण का प्रयास अत्यंत प्रेरणादायक है। मैं यहां बार-बार लौटना चाहूंगा।”

 

 

वहीं, प्रख्यात साहित्यकार प्रो. (डॉ.) श्रीराम परिहार ने कहा, “हिमालय की गोद में स्थित इस ज्ञान तीर्थ में आकर मुझे एक विशिष्ट अनुभूति हुई है। शिक्षा, साहित्य और कला के उत्थान के लिए एक आदर्श मंच कैसा होना चाहिए, उसकी सुंदर कल्पना और उसे धरातल पर साकार करने का अद्भुत उदाहरण लेखक गांव में देखने को मिलता है। यह केवल एक परिसर नहीं, बल्कि सृजन, चिंतन और सांस्कृतिक पुनर्जागरण का केंद्र है।”

 

 

भ्रमण एवं संवाद के दौरान लेखक गांव, स्पर्श हिमालय विश्वविद्यालय तथा माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के मध्य शिक्षा, शोध, पत्रकारिता, संचार, साहित्य, लोकसंस्कृति तथा युवा सशक्तिकरण के क्षेत्रों में सहयोग की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। इस अवसर पर भविष्य में लेखक गांव, स्पर्श हिमालय विश्वविद्यालय और माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के मध्य समझौता ज्ञापन (एमओयू) किए जाने को लेकर भी सकारात्मक विचार-विमर्श हुआ।

 

 

इस अवसर पर स्पर्श हिमालय विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. राकेश सुंदरियाल, हे. नं. ब. गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय के पर्यटन विभाग के डॉ. सर्वेश उनियाल, साहित्यकार डॉ. बेचैन कंडियाल, पूजा पोखरियाल, डॉ. अनिल शर्मा तथा लेखक गांव परिवार के अन्य सदस्य उपस्थित रहे।

Ad Ad
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

The True Fact

Author Message

अगर आपको हमारी ख़बरे अच्छी लगती हैं तो किर्पया हमारी खबरों को जरूर शेयर करें, यदि आप अपना कोई लेख या कोई कविता हमरे साथ साझा करना चाहते हैं तो आप हमें हमारे WhatsApp ग्रुप या हमें ई मेल सन्देश भेजकर साझा कर सकते हैं. धन्यवाद

E-Mail: thetruefact20@gmail.com

 

AUTHOR

Author: Pawan Rawat
Website: www.thetruefact.com
Email: thetruefact20@gmail.com
Phone: +91 98970 24402

To Top