DEHRADUN NEWS

बिग ब्रेकिंग:- मुख्य सचिव ने 108 एम्बुलेंस सेवा से सम्बन्धित व्यय वित्त समिति की बैठक में दिए ये दिशा-निर्देश

मुख्य सचिव की अध्यक्षता में हुई व्यय वित्त समिति की बैठक आयोजित

 

पुरानी एवं बार बार खराब हो रही 108 एम्बुलेंस वाहनों को तत्काल बदला जाए: मुख्य सचिव

 

एम्बुलेंस की मॉनिटरिंग के लिए विभाग में बनेगा मैकेनिज्म

 

मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में गुरुवार को सचिवालय में 108 एम्बुलेंस सेवा से सम्बन्धित व्यय वित्त समिति की बैठक संपन्न हुई। बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने एम्बुलेंस सेवा को अधिक प्रभावी, सुदृढ़ एवं जनोपयोगी बनाने के लिए विभिन्न दिशा-निर्देश दिए।

 

मुख्य सचिव ने कहा कि 108 एम्बुलेंस सेवा सीधे लोगों के जीवन से जुड़ी है। इसलिए निर्धारित मानकों के अनुरूप एम्बुलेंस को अद्यतन रखा जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि पुरानी और निर्धारित अवधि पूरी कर चुकी गाड़ियों को तत्काल बदलने की प्रक्रिया शुरू की जाए। उन्होंने तीन लाख किलोमीटर से अधिक चल चुकी लगभग 50 एम्बुलेंस (108) वाहनों को तत्काल बदले जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एम्बुलेंस को चरणबद्ध तरीके से बदला जाए, लेकिन इसमें अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए।

 

मुख्य सचिव ने एम्बुलेंस सेवा की प्रभावी निगरानी के लिए विभागीय स्तर पर भी मॉनिटरिंग मैकेनिज्म तैयार किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अलग अलग स्तर पर साप्ताहिक और मासिक आधार पर निगरानी की जाए। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) में इसके लिए एक डेडिकेटेड टीम गठित किया जाए, जो सेवा के विभिन्न पहलुओं की नियमित निगरानी एवं विश्लेषण करेगा, ताकि किसी भी प्रकार की कमी या असामान्य स्थिति सामने आने पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई की जा सके।

 

मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि एम्बुलेंस के पहुँचने के समय का आकलन केवल एवरेज रिस्पांस टाइम के आधार पर न किया जाए, बल्कि प्रत्येक मामले में एम्बुलेंस के पहुँचने में लगे वास्तविक समय का विश्लेषण किया जाए। इससे देरी वाले मामलों की पहचान कर उनके कारणों का पता लगाया जा सके और आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाए जा सकेंगे। उन्होंने एम्बुलेंस में उपलब्ध जीवनरक्षक उपकरणों की प्रत्येक माह अनिवार्य जाँच सुनिश्चित करने एवं इसके लिए सम्बन्धित अधिकारियों एवं कार्मिकों की जिम्मेदारी निर्धारित करने के निर्देश भी दिए।

 

मुख्य सचिव ने कहा कि एम्बुलेंस सेवा के लिए एक मोबाइल ऐप भी शीघ्र तैयार किया जाए, जिससे रोगी की स्थिति एवं स्थान की जानकारी के आधार पर एम्बुलेंस की आवाजाही और सेवा की निगरानी अधिक सुगमता से की जा सके। उन्होंने सरकारी एम्बुलेंसों को भी आवश्यक सुविधाओं युक्त करते हुए इस व्यवस्था में शामिल करने पर जोर दिया। इससे उपलब्ध एम्बुलेंस की संख्या एवं सेवा की क्षमता बढ़ेगी और आपातकालीन परिस्थितियों में लोगों को समय पर सहायता उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।

 

बैठक में बताया गया कि वर्तमान में 272 एम्बुलेंस, 108 सेवा के अंतर्गत प्रदेश में संचालित हैं, इसके साथ ही लगभग 250 से अधिक सरकारी एम्बुलेंस भी विभाग द्वारा संचालित की जा रही हैं।

 

इस अवसर पर सचिव विनय शंकर पाण्डेय, अपर सचिव नवनीत पाण्डेय, रोहित मीणा एवं डीजी हेल्थ डॉ. सुनीता टम्टा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

*सूचना एवं लोक सम्पर्क विभाग*

Ad Ad

The True Fact

Author Message

अगर आपको हमारी ख़बरे अच्छी लगती हैं तो किर्पया हमारी खबरों को जरूर शेयर करें, यदि आप अपना कोई लेख या कोई कविता हमरे साथ साझा करना चाहते हैं तो आप हमें हमारे WhatsApp ग्रुप या हमें ई मेल सन्देश भेजकर साझा कर सकते हैं. धन्यवाद

E-Mail: thetruefact20@gmail.com

 

AUTHOR

Author: Pawan Rawat
Website: www.thetruefact.com
Email: thetruefact20@gmail.com
Phone: +91 98970 24402

To Top